‘चिट्टा मुक्त हिमाचल’ के तहत शैक्षणिक संस्थानों के समीप विशेष तलाशी अभियान
शिमला, 14 मार्च।
हिमाचल प्रदेश पुलिस के प्रवक्ता ने प्रदेशव्यापी एंटी-चिट्टा जन-आंदोलन के अंतर्गत शुक्रवार को प्रदेश भर के विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों के निकट स्थित व्यावसायिक परिसरों में एक विशेष तलाशी अभियान चलाया।
इस अभियान का मुख्य उद्देश्य स्कूलों और कॉलेजों के आसपास एन.डी.पी.एस. अधिनियम और कोटपा अधिनियम के प्रावधानों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करना है। पुलिस के एक प्रवक्ता ने शनिवार को शिमला में कहा कि इस व्यापक राज्य-स्तरीय अभियान के अंतर्गत प्रदेश भर में शैक्षणिक संस्थानों के समीप स्थित कुल 1,949 चिन्हित दुकानों और वेंडरों की सघन तलाशी ली गई। इस कार्रवाई के दौरान जिला पुलिस और एस.टी.एफ. की संयुक्त टीमों द्वारा शैक्षणिक संस्थानों के निर्धारित दायरे के भीतर तंबाकू उत्पादों की अवैध बिक्री पर अंकुश लगाने हेतु कोटपा अधिनियम के तहत पांच अभियोग तथा आबकारी अधिनियम के अंतर्गत एक अभियोग पंजीकृत किया गया।
इसके अतिरिक्त, कोटपा अधिनियम के तहत 567 चालान तथा नॉन बायोडीग्रेडेबल वेस्ट कंट्रोल एक्ट के अंतर्गत चार चालान किए गए। इसी कार्यवाही के दौरान कोटपा अधिनियम के अंतर्गत 65,300 रुपये का जुर्माना भी वसूला गया। तलाशी के दौरान भारी मात्रा में प्रतिबंधित सामग्री सिगरेट, तंबाकू, बीड़ी आदि जब्त की गई। यह राज्य-स्तरीय एंटी-चिट्टा अभियान पूर्णतः व्यवस्थित, खुफिया-आधारित एवं अंतर-जिला समन्वयक के साथ संचालित किया, ताकि विधि-सम्मत, सुरक्षित एवं प्रभावी निगरानी सुनिश्चित की जा सके।
अभियान का मुख्य उद्देश्य युवाओं को चिट्टे/नशे की लत की ओर बढ़ने से रोकना तथा ऐसे एकांत स्थलों पर विकसित हो रही समूह आधारित नशा प्रवृत्तियों को समाप्त करना है, जो नए युवाओं को चिट्टे/नशे की ओर आकर्षित करती हैं।
प्रवक्ता ने कहा कि चिट्टा/नशे से संबंधित किसी भी सूचना को तुरंत 112 या नजदीकी पुलिस थाना में दें। सूचना देने वालों की पहचान पूर्णतः गोपनीय रखी जाएगी।









